उसकी खुशियों के लिए लड़ें थे दुनियाँ से, आज वो ही हमसे खफ़ा बैठे हैं, क्या गुनाह हो गया हैं हमसे, हम सर झुकायें सजा पाने बैठे हैं.

उसकी खुशियों के लिए लड़ें थे दुनियाँ से, आज वो ही हमसे खफ़ा बैठे हैं, क्या गुनाह हो गया हैं हमसे, हम सर झुकायें सजा पाने बैठे हैं.

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वो गुस्से में दूर से ही निहारा करते हैं, क्या बात हैं जाने क्यूँ इतने खफ़ा लगते हैं, कोई खता हुई हमसे तो बख्श दीजिये, हम तो हर वक्त आप ही को याद किया करते हैं

दिल अनजाने में टूट जाते हैं हमसे…. क्युकी झूठी कहानी, बोल के मनना मेरी आदत नहीं….. मुझे माफ़ कर दो… क्युकी तुझे रुलाना मेरी आदत नहीं…

हमसे खता हुई है अनजाने में, आगे से ऐसा न करेंगे जाने में, बड़ी मुश्किल से मिले हैं आप, नहीं जाइये छोड़कर हमें इस वीराने में. ऍम सो सॉरी

सोचता हूँ ज़िंदा हूँ मांग लूं सब से माफ़ी, नजाने मरने के बाद कोई माफ़ करे या न करे. स्पेशल सॉरी टु यू..

जब भरोसा टूट जाता है.. तब सॉरी की कोई वैल्यू नहीं रहती….

सितम सारे हमारे, छाँट लिया करो, नाराजगी से अच्छा, डांट लिया करो!!

वो गुस्से में दूर से ही निहारा करते हैं, क्या बात हैं जाने क्यूँ इतने खफ़ा लगते हैं, कोई खता हुई हमसे तो बख्श दीजिये, हम तो हर वक्त आप ही को याद किया करते हैं

दिल अनजाने में टूट जाते हैं हमसे…. क्युकी झूठी कहानी, बोल के मनना मेरी आदत नहीं….. मुझे माफ़ कर दो… क्युकी तुझे रुलाना मेरी आदत नहीं…

हमसे खता हुई है अनजाने में, आगे से ऐसा न करेंगे जाने में, बड़ी मुश्किल से मिले हैं आप, नहीं जाइये छोड़कर हमें इस वीराने में. ऍम सो सॉरी

सोचता हूँ ज़िंदा हूँ मांग लूं सब से माफ़ी, नजाने मरने के बाद कोई माफ़ करे या न करे. स्पेशल सॉरी टु यू..

जब भरोसा टूट जाता है.. तब सॉरी की कोई वैल्यू नहीं रहती….

सितम सारे हमारे, छाँट लिया करो, नाराजगी से अच्छा, डांट लिया करो!!