घमंड ना करो अपने रूप और रुपए का मोर को उसके पंखों का भोज ऊँचा उड़ने नही देता
मुस्कुराहट, आपकी खूबसूरती में सुधार करने का एक सस्ता तरीका है
लम्बा सफ़र तय करना है तो...ठोकरों से मुलाकात लाज़मी है...!!
इंसान का व्यक्तित्व तब ही उभर के आता है जब वो अपनो से ठोकर खाता है
इच्छाओं का भी अपना चरित्र होता है... खुद के मन की हो तो बहुत अच्छी लगती हैं दूसरों के मन की हो तो बहुत खटकती है
जीवन में कुछ भी स्थायी नहीं है इसलिए स्वयं को अधिक तनावग्रस्त न करें, क्योंकि परिस्थितियां चाहे कितनी भी खराब हों, बदलेंगी जरूर
घमंड ना करो अपने रूप और रुपए का मोर को उसके पंखों का भोज ऊँचा उड़ने नही देता
मुस्कुराहट, आपकी खूबसूरती में सुधार करने का एक सस्ता तरीका है
लम्बा सफ़र तय करना है तो...ठोकरों से मुलाकात लाज़मी है...!!
इंसान का व्यक्तित्व तब ही उभर के आता है जब वो अपनो से ठोकर खाता है
इच्छाओं का भी अपना चरित्र होता है... खुद के मन की हो तो बहुत अच्छी लगती हैं दूसरों के मन की हो तो बहुत खटकती है
जीवन में कुछ भी स्थायी नहीं है इसलिए स्वयं को अधिक तनावग्रस्त न करें, क्योंकि परिस्थितियां चाहे कितनी भी खराब हों, बदलेंगी जरूर