वफादार और तुम….?? ख्याल अच्छा है, बेवफा और हम……?? इल्जाम भी अच्छा है….!!
जिन्हे हम ज़हर लगते हे वो हमें खा कर मर जाये
तजुर्बे उम्र से नहीं बल्कि हालातों से होते हैं
जैसा भी हूं अच्छा या बुरा अपने लिये हूं, मै खुद को नही देखता औरो की नजर से..!!
नील गगन का आजाद पंछी जमाने की क़ैद से परे....
मेरी बुराई जरा छुपकर करना तुम्हारे अपने भी मेरे चाहने वाले हैं
वफादार और तुम….?? ख्याल अच्छा है, बेवफा और हम……?? इल्जाम भी अच्छा है….!!
जिन्हे हम ज़हर लगते हे वो हमें खा कर मर जाये
तजुर्बे उम्र से नहीं बल्कि हालातों से होते हैं
जैसा भी हूं अच्छा या बुरा अपने लिये हूं, मै खुद को नही देखता औरो की नजर से..!!
नील गगन का आजाद पंछी जमाने की क़ैद से परे....
मेरी बुराई जरा छुपकर करना तुम्हारे अपने भी मेरे चाहने वाले हैं