धोखा कोई एक देता है और, नफरत सबसे हो जाती है।
अगर किसी ने आपको कभी धोखा दिया हो, तो उसी बात के लिए अक्सर आंसू बहाना मुर्खता है.
बात चल निकली है तुम इश्क नहीं करते सब जान गए हैं तुम फरेब अच्छा नहीं करते जेब काटने आए थे बावला समझकर अंजाम भी चाहिए ब्लेड भी तीखा नहीं करते !!
~ धोखा ~ मतलब निकल जाने के बाद सौगात में जो मिल जाता है उसे धोखा कहते हैं।
कोई था क्या नशा तेरी आँखों के बराबर? कोई होगा क्या नशा तेरे जाने के बाद? सब ठीक तो था, बेवफाई करनी क्या जरुरी थी? छोडिए अब उनका जिक्र, हम फिर कोई मयखाना पी जाएंगे ।।
हम शिकवा करें क्या किसी से, यहाँ हर ओर बेवफाई है। उसे धोखा दिया किसी और ने, उसकी भी सजा हमने पाई है।।
धोखा कोई एक देता है और, नफरत सबसे हो जाती है।
अगर किसी ने आपको कभी धोखा दिया हो, तो उसी बात के लिए अक्सर आंसू बहाना मुर्खता है.
बात चल निकली है तुम इश्क नहीं करते सब जान गए हैं तुम फरेब अच्छा नहीं करते जेब काटने आए थे बावला समझकर अंजाम भी चाहिए ब्लेड भी तीखा नहीं करते !!
~ धोखा ~ मतलब निकल जाने के बाद सौगात में जो मिल जाता है उसे धोखा कहते हैं।
कोई था क्या नशा तेरी आँखों के बराबर? कोई होगा क्या नशा तेरे जाने के बाद? सब ठीक तो था, बेवफाई करनी क्या जरुरी थी? छोडिए अब उनका जिक्र, हम फिर कोई मयखाना पी जाएंगे ।।
हम शिकवा करें क्या किसी से, यहाँ हर ओर बेवफाई है। उसे धोखा दिया किसी और ने, उसकी भी सजा हमने पाई है।।