किस घुमान मैं हो मोहतरमा भुला दिया हमने तुझे
ज़िद्दी हु गुस्से वाला हु बद्तमीज़ हु बेपरवाह भी हु लेकिन मेने कभी किसी को धोखा नहीं दिया
कौन कब किसका और कितना अपना है ..यह सिर्फ वक़्त बताता है
हम दुनिया से अलग नहीं हमारी दुनिया ही अलग है
वफादार और तुम....?? ख्याल अच्छा है, बेवफा और हम......?? इल्जाम भी अच्छा है
जिंदगी में भी अपने किसी हुनर पर घमंड मत करना क्योंकि पत्थर जब पानी में गिरता है तो अपने ही वज़न से डूब जाता है
किस घुमान मैं हो मोहतरमा भुला दिया हमने तुझे
ज़िद्दी हु गुस्से वाला हु बद्तमीज़ हु बेपरवाह भी हु लेकिन मेने कभी किसी को धोखा नहीं दिया
कौन कब किसका और कितना अपना है ..यह सिर्फ वक़्त बताता है
हम दुनिया से अलग नहीं हमारी दुनिया ही अलग है
वफादार और तुम....?? ख्याल अच्छा है, बेवफा और हम......?? इल्जाम भी अच्छा है
जिंदगी में भी अपने किसी हुनर पर घमंड मत करना क्योंकि पत्थर जब पानी में गिरता है तो अपने ही वज़न से डूब जाता है