डर हमें किसी के माय बाप से नहीं मगर ससुरी इज्जत बीच में आ जाती हैं.
इन्स्टा को माताजी ने दिया आशीर्वाद सेल्फी लेने आई बिटिया कई दिनों बाद
राह में सैकड़ों ठोकर आ जाए कोई फ़िक्र नहीं बस फोन में सेल्फी अच्छी आनी चाहिए
“क्या कमाल करते हैं हमसे जलने वाले महफिल खुद की और चर्चे हमारे”
मानव को कभी हिम्मत नहीं हारनी चाहिए क्योंकि पर्वत से निकली नदी किसी से समुद्र का रास्ता नहीं पूछती
“मैं पैदा ही हॉट हुई थी” “मैं अपनी फेवरिट हूं” “हां.. हां.. मैं सेल्फीहॉलिक हू”
डर हमें किसी के माय बाप से नहीं मगर ससुरी इज्जत बीच में आ जाती हैं.
इन्स्टा को माताजी ने दिया आशीर्वाद सेल्फी लेने आई बिटिया कई दिनों बाद
राह में सैकड़ों ठोकर आ जाए कोई फ़िक्र नहीं बस फोन में सेल्फी अच्छी आनी चाहिए
“क्या कमाल करते हैं हमसे जलने वाले महफिल खुद की और चर्चे हमारे”
मानव को कभी हिम्मत नहीं हारनी चाहिए क्योंकि पर्वत से निकली नदी किसी से समुद्र का रास्ता नहीं पूछती
“मैं पैदा ही हॉट हुई थी” “मैं अपनी फेवरिट हूं” “हां.. हां.. मैं सेल्फीहॉलिक हू”