नम्रता से बोलना हर एक का आदर करना शुक्रिया अदा करना और माफ़ी माँगना ये चार गुण जिस व्यक्ति के पास है वो सबके क़रीब और सबके लिए खास है
अपने अंदर से अहंकार को निकालकर स्वयं को हल्का किजिये क्योंकि ऊँचा वही उठता है जो हल्का होता है।
सफलता शकल देखके कदम नही चुमती! सफलता मेहनत की दिवानी होती हे!
खुद को बदलने का सबसे तेज तरीका है, उन लोगों के साथ रहना जो पहले से ही उस रस्ते पर है जिस पर आप जाना चाहते हैं
इंसान वो लड़ाई कभी नहीं जीत सकता जिसमें दुश्मन उसके अपने हो
ये जिंदगी तभी तक झंड लगती है जब तक जिंदगी में पैसा ना हो
नम्रता से बोलना हर एक का आदर करना शुक्रिया अदा करना और माफ़ी माँगना ये चार गुण जिस व्यक्ति के पास है वो सबके क़रीब और सबके लिए खास है
अपने अंदर से अहंकार को निकालकर स्वयं को हल्का किजिये क्योंकि ऊँचा वही उठता है जो हल्का होता है।
सफलता शकल देखके कदम नही चुमती! सफलता मेहनत की दिवानी होती हे!
खुद को बदलने का सबसे तेज तरीका है, उन लोगों के साथ रहना जो पहले से ही उस रस्ते पर है जिस पर आप जाना चाहते हैं
इंसान वो लड़ाई कभी नहीं जीत सकता जिसमें दुश्मन उसके अपने हो
ये जिंदगी तभी तक झंड लगती है जब तक जिंदगी में पैसा ना हो