जो व्यवहार आपको दूसरों से पसंद ना हो ऐसा व्यवहार आप दूसरों के साथ भी ना करे
ईश्वर ने एक पेड़ के दो पत्ते भी एक जैसे नहीं बनाएं हैं!! हर एक की अपनी मौलिकता है दूसरों से ईर्ष्या रखकर आगे बढ़ने के बजाय अपनी मौलिकता खोजें इसी में असली आनंद और समाधान है
जितने तुम चतुर होते जाते हो उतना ही तुम्हारा ह्रदय मरता जाता है
लम्बा सफ़र तय करना है तो...ठोकरों से मुलाकात लाज़मी है...!!
अच्छे इन्सान की सबसे पहली और सबसे आखिरी निशानी ये है कि वो उन लोगों की भी इज्जत करता है जिनसे उसे किसी किस्म के फायदे की उम्मीद नही होती..!
"सफलता का सफर कितना अच्छा होगा, यह हमारे विचार और व्यवहार पर निर्भर करता है।"
जो व्यवहार आपको दूसरों से पसंद ना हो ऐसा व्यवहार आप दूसरों के साथ भी ना करे
ईश्वर ने एक पेड़ के दो पत्ते भी एक जैसे नहीं बनाएं हैं!! हर एक की अपनी मौलिकता है दूसरों से ईर्ष्या रखकर आगे बढ़ने के बजाय अपनी मौलिकता खोजें इसी में असली आनंद और समाधान है
जितने तुम चतुर होते जाते हो उतना ही तुम्हारा ह्रदय मरता जाता है
लम्बा सफ़र तय करना है तो...ठोकरों से मुलाकात लाज़मी है...!!
अच्छे इन्सान की सबसे पहली और सबसे आखिरी निशानी ये है कि वो उन लोगों की भी इज्जत करता है जिनसे उसे किसी किस्म के फायदे की उम्मीद नही होती..!
"सफलता का सफर कितना अच्छा होगा, यह हमारे विचार और व्यवहार पर निर्भर करता है।"