वक्त बीतने के बाद अक्सर यह अहसास होता है.. जो छूट गया वो लम्हा
कुछ भी काम कर लो, मगर उस काम में तुमसे बेहतर "कोई नही होना चाहिए"
कोई भी हमें सुख या दुख नही दे सकता , बल्कि हमारे सोचने का तरीका ही हमारे सुख व दुख का कारण होता है।✨
जीवन में छोटे, बड़े सब को महत्त्व दो क्योंकि जहाँ सुई का काम है, वहाँ तलवार काम नहीं करती
हमेशा दूसरों की सफलता के बारे में जानने के बजाय खुद की सफलता पर काम कीजिए
अपने अंदर से अहंकार को निकालकर स्वयं को हल्का किजिये क्योंकि ऊँचा वही उठता है जो हल्का होता है।
वक्त बीतने के बाद अक्सर यह अहसास होता है.. जो छूट गया वो लम्हा
कुछ भी काम कर लो, मगर उस काम में तुमसे बेहतर "कोई नही होना चाहिए"
कोई भी हमें सुख या दुख नही दे सकता , बल्कि हमारे सोचने का तरीका ही हमारे सुख व दुख का कारण होता है।✨
जीवन में छोटे, बड़े सब को महत्त्व दो क्योंकि जहाँ सुई का काम है, वहाँ तलवार काम नहीं करती
हमेशा दूसरों की सफलता के बारे में जानने के बजाय खुद की सफलता पर काम कीजिए
अपने अंदर से अहंकार को निकालकर स्वयं को हल्का किजिये क्योंकि ऊँचा वही उठता है जो हल्का होता है।