हे मेरे महाकाल तुम्हारे होगें चाहने वाले बहुत इस कायनात में, मगर इस पागल की तो कायनात ही “तुम” हो जय श्री महाकाल?
जिनके रोम-रोम में शिव है, वहीं विष पिया करते हैं, जमाना उन्हें क्या जलायेंगा, जो श्रृंगार ही अंगार से करते है । ?Har Har Mahadev?
पहचान बताना हमारी आदत नही लोग चेहरा देख के ही बोल देते है ये तो?#महाकाल के?भक्त है जय महाकाल?
ना गिन के दिया ना तोल के दिया, मेरे महादेव ने जिसे भी भी दिया, दिल खोल कर दिया ।
मेने तेरा नाम लेके ही हर काम किया है मेरे भोलेनाथ और लोग समझते है कि बंदा किस्मत वाला है..!
माया को चाहने वाला बिखर जाता है, और महाकाल को चाहने वाला निखर जाता है ।
हे मेरे महाकाल तुम्हारे होगें चाहने वाले बहुत इस कायनात में, मगर इस पागल की तो कायनात ही “तुम” हो जय श्री महाकाल?
जिनके रोम-रोम में शिव है, वहीं विष पिया करते हैं, जमाना उन्हें क्या जलायेंगा, जो श्रृंगार ही अंगार से करते है । ?Har Har Mahadev?
पहचान बताना हमारी आदत नही लोग चेहरा देख के ही बोल देते है ये तो?#महाकाल के?भक्त है जय महाकाल?
ना गिन के दिया ना तोल के दिया, मेरे महादेव ने जिसे भी भी दिया, दिल खोल कर दिया ।
मेने तेरा नाम लेके ही हर काम किया है मेरे भोलेनाथ और लोग समझते है कि बंदा किस्मत वाला है..!
माया को चाहने वाला बिखर जाता है, और महाकाल को चाहने वाला निखर जाता है ।