सुनो… तुम ही रख लो अपना बना कर..औरों ने तो छोड़ दिया तुम्हारा समझकर..!!

सुनो… तुम ही रख लो अपना बना कर..औरों ने तो छोड़ दिया तुम्हारा समझकर..!!

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जब तुम मेरी फिकर करते हो न तब जिन्दगी जनत सी महेसुस होती है

? दिल के रिश्ते का कोई नाम नहीं होता, माना कि इसका कुछ अंजाम नहीं होता, अगर निभाने की चाहत हो दोनों तरफ, तो कसम से कोई रिश्ता नाकाम नहीं होता. ?

तुम जिन्दगी में आ तो गये हो मगर ख्याल रखना, हम ‘जान’ दे देते हैं मगर ‘जाने’ नहीं देते !!

एक दिन तुम्हे एहसास होगा कि क्या था मैं तुम्हारे लिए ! पर तब तक मैं तुम्हारी ज़िन्दगी से बहुत दूर जा चुका हूँगा

मोहब्बत भी ठंड जैसी है, लग जाये तो बीमार कर देती है

जिंदगी में मेरी हंसी का राज तुम हो. मेरी हर ख़ुशी का नाम तुम हो. कर लूंगा में ज़माने से तुम्हारे लिए शिकवा. ज़माने की शिकवा का एहसास तुम हो

जब तुम मेरी फिकर करते हो न तब जिन्दगी जनत सी महेसुस होती है

? दिल के रिश्ते का कोई नाम नहीं होता, माना कि इसका कुछ अंजाम नहीं होता, अगर निभाने की चाहत हो दोनों तरफ, तो कसम से कोई रिश्ता नाकाम नहीं होता. ?

तुम जिन्दगी में आ तो गये हो मगर ख्याल रखना, हम ‘जान’ दे देते हैं मगर ‘जाने’ नहीं देते !!

एक दिन तुम्हे एहसास होगा कि क्या था मैं तुम्हारे लिए ! पर तब तक मैं तुम्हारी ज़िन्दगी से बहुत दूर जा चुका हूँगा

मोहब्बत भी ठंड जैसी है, लग जाये तो बीमार कर देती है

जिंदगी में मेरी हंसी का राज तुम हो. मेरी हर ख़ुशी का नाम तुम हो. कर लूंगा में ज़माने से तुम्हारे लिए शिकवा. ज़माने की शिकवा का एहसास तुम हो