अपने वो नहीं होते जो तस्वीरों में साथ खड़े होते हैं, अपने वो होते हैं जो तकलीफ में साथ होते हैं
प्यार आज भी तुझसे उतना ही है बस तुझे एहसास नहीं और हमने भी जताना छोड़ दिया
बेशक तू बदल ले अपनी मौहब्बत लेकिन ये याद रखना,, तेरे हर झूठ को सच मेरे सिवा कोई नही समझ सकता!!
ख्वाब तो मीठे देखे थे... ताज्जुब हैं... आखों का पानी खारा कैसे हो गया...!
सच्चा प्यार किसी भूत की तरह होता है, बातें तो सब करते हैं दिखा किसी ने नहीं .
हर पल बस फिकर सी होती है जब मोहब्बत किसी सी बेपनाह होती है
अपने वो नहीं होते जो तस्वीरों में साथ खड़े होते हैं, अपने वो होते हैं जो तकलीफ में साथ होते हैं
प्यार आज भी तुझसे उतना ही है बस तुझे एहसास नहीं और हमने भी जताना छोड़ दिया
बेशक तू बदल ले अपनी मौहब्बत लेकिन ये याद रखना,, तेरे हर झूठ को सच मेरे सिवा कोई नही समझ सकता!!
ख्वाब तो मीठे देखे थे... ताज्जुब हैं... आखों का पानी खारा कैसे हो गया...!
सच्चा प्यार किसी भूत की तरह होता है, बातें तो सब करते हैं दिखा किसी ने नहीं .
हर पल बस फिकर सी होती है जब मोहब्बत किसी सी बेपनाह होती है