पता है तुम्हें, मैं बहुत बातें करता हूँ, तुम्हारी चाँद से,अक्सर रातों में. सच्ची ये और बात है, कि मैं बताता नहीं हूँ तुम्हें..

पता है तुम्हें, मैं बहुत बातें करता हूँ, तुम्हारी चाँद से,अक्सर रातों में. सच्ची ये और बात है, कि मैं बताता नहीं हूँ तुम्हें..

Share:

More Like This

बस जीने ही तो नही देगी.. और क्या कर लेगी यादें तेरी..

यादों मैं हमारी वो भी खोये होंगे, खुली आँखों से कभी वो भी सोए होंगे, माना हँसना है अदा ग़म छुपाने की, पर हँसते-हँसते कभी वो भी रोए होंगे..

मजबूरियों के नाम पर दामन चुरा गये, वो लोग जिन की मोहब्बतों में दावे हजार थे..

बारिश‬ के ‪बाद‬ तार पर ‪टंगी‬ ‪आख़री‬ ‪‎बूंद‬ से पूछना, क्या‬ होता है ‪‎अकेलापन‬.. "I Miss You"

जितना तू मुझे भुला रही है ! उतना ही दिल को तेरी याद आ रही है.

जब सारी दुनिया सोती है, तेरी यादें मुझ पर हावी होती है।

बस जीने ही तो नही देगी.. और क्या कर लेगी यादें तेरी..

यादों मैं हमारी वो भी खोये होंगे, खुली आँखों से कभी वो भी सोए होंगे, माना हँसना है अदा ग़म छुपाने की, पर हँसते-हँसते कभी वो भी रोए होंगे..

मजबूरियों के नाम पर दामन चुरा गये, वो लोग जिन की मोहब्बतों में दावे हजार थे..

बारिश‬ के ‪बाद‬ तार पर ‪टंगी‬ ‪आख़री‬ ‪‎बूंद‬ से पूछना, क्या‬ होता है ‪‎अकेलापन‬.. "I Miss You"

जितना तू मुझे भुला रही है ! उतना ही दिल को तेरी याद आ रही है.

जब सारी दुनिया सोती है, तेरी यादें मुझ पर हावी होती है।