तू वही हैना जिसने पहले फसाया फिर हसाया और फिर अपना बनाकर खूब रुलाया
प्यार तो अमीरो से होता है हम गरीबो सा तो मजाक होता है
अकेली रात बोलती बहुत है लेकिन सुन वही सकता है जो खुद भी अकेला हो
कुछ लोग से आज कुछ तो सीखा, पहले अपने जैसा बनाते हैं ये, फिर अकेला छोड़ देते है ||
फरक तो उन्हें पढता है जिनके पास एक हो उन्हें क्या फरक पढ़ेगा जिनके पास हजारों हैं
अगर आंसुओं की कीमत होती तो कल रात वाला तकिया अरबों का होता
तू वही हैना जिसने पहले फसाया फिर हसाया और फिर अपना बनाकर खूब रुलाया
प्यार तो अमीरो से होता है हम गरीबो सा तो मजाक होता है
अकेली रात बोलती बहुत है लेकिन सुन वही सकता है जो खुद भी अकेला हो
कुछ लोग से आज कुछ तो सीखा, पहले अपने जैसा बनाते हैं ये, फिर अकेला छोड़ देते है ||
फरक तो उन्हें पढता है जिनके पास एक हो उन्हें क्या फरक पढ़ेगा जिनके पास हजारों हैं
अगर आंसुओं की कीमत होती तो कल रात वाला तकिया अरबों का होता