हम जैसे सिरफिरे ही इतिहास रचते हैं !समझदार तो केवल इतिहास पढ़ते हैं !!
हम बात ख़त्म नहीं करते कहानी ख़त्म करते हैं
दुनिया क्या सोचेगी ये मै कभी नहीं सोचता
परवाह नहीं चाहे जमाना कितना भी खिलाफ हो हिसाब सबका होगा कोई कितना भी बड़ा नवाब हो
औकात की बात मत कर ऐ दोस्त तेरी बंदूक से ज़ादा लोग हमारे नाम से डरते है
सबर कर अपना किस्सा नहीं कहानी हैं
हम जैसे सिरफिरे ही इतिहास रचते हैं !समझदार तो केवल इतिहास पढ़ते हैं !!
हम बात ख़त्म नहीं करते कहानी ख़त्म करते हैं
दुनिया क्या सोचेगी ये मै कभी नहीं सोचता
परवाह नहीं चाहे जमाना कितना भी खिलाफ हो हिसाब सबका होगा कोई कितना भी बड़ा नवाब हो
औकात की बात मत कर ऐ दोस्त तेरी बंदूक से ज़ादा लोग हमारे नाम से डरते है
सबर कर अपना किस्सा नहीं कहानी हैं