प्रतिदिन हमें कुछ न कुछ नया ग्रहण करना चाहिए, फिर चाहे वह एक श्लोक, उसका एक अंश अथवा एक शब्द मात्र ही क्यों न हो. एक-एक शब्द ही एक दिन विशाल समुद्र का रूप धारण कर लेता है.
ऐसे कार्य करें जिससे की आपको लगे कि आपके काम से अंतर आ रहा है. और अंतर आता भी है
जो व्यक्ति अपने समय का सम्मान करता है, वो अपने जीवन के सारे लक्ष्य प्राप्त करता है।
झूठ बोल कर कुछ पाने से अच्छा है सच बोलकर उसे खो दो
उस मनुष्य की ताकत का कोई मुकाबला नही कर सकता जिसके पास सब्र की ताकत है
परम शत्रु से भी ज्यादा घातक है गलत दिशा में भटकता हुआ आपका मन
प्रतिदिन हमें कुछ न कुछ नया ग्रहण करना चाहिए, फिर चाहे वह एक श्लोक, उसका एक अंश अथवा एक शब्द मात्र ही क्यों न हो. एक-एक शब्द ही एक दिन विशाल समुद्र का रूप धारण कर लेता है.
ऐसे कार्य करें जिससे की आपको लगे कि आपके काम से अंतर आ रहा है. और अंतर आता भी है
जो व्यक्ति अपने समय का सम्मान करता है, वो अपने जीवन के सारे लक्ष्य प्राप्त करता है।
झूठ बोल कर कुछ पाने से अच्छा है सच बोलकर उसे खो दो
उस मनुष्य की ताकत का कोई मुकाबला नही कर सकता जिसके पास सब्र की ताकत है
परम शत्रु से भी ज्यादा घातक है गलत दिशा में भटकता हुआ आपका मन