दिन में दीपक जलना, समुद्र में वर्षा, भरे पेट के लिए भोजन और धनवान को दान देना व्यर्थ है.
पहचान से मिला काम थोड़े समय तक ही टिकता है लेकिन काम से मिली "पहचान" उम्र भर रहती है।
लोग आपकी कदर तभी करेंगे जब आप उनको उन्ही की तरह अनदेखा करना सीख जाओगे
वजूद सबका अपना अपना है सूर्य के सामने दीपक का ना सही अंधेरे के आगे बहुत कुछ है
झूठ बोल कर कुछ पाने से अच्छा है सच बोलकर उसे खो दो
प्रेम में बोला गया मात्र एक झूठ कभी ना टूटने वाले संबंध की जड़े भी हिला देता है
दिन में दीपक जलना, समुद्र में वर्षा, भरे पेट के लिए भोजन और धनवान को दान देना व्यर्थ है.
पहचान से मिला काम थोड़े समय तक ही टिकता है लेकिन काम से मिली "पहचान" उम्र भर रहती है।
लोग आपकी कदर तभी करेंगे जब आप उनको उन्ही की तरह अनदेखा करना सीख जाओगे
वजूद सबका अपना अपना है सूर्य के सामने दीपक का ना सही अंधेरे के आगे बहुत कुछ है
झूठ बोल कर कुछ पाने से अच्छा है सच बोलकर उसे खो दो
प्रेम में बोला गया मात्र एक झूठ कभी ना टूटने वाले संबंध की जड़े भी हिला देता है