पिता की दौलत नही पिता का साया ही काफी होता है...!

पिता की दौलत नही पिता का साया ही काफी होता है...!

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जब रात को मैंने आकाश की ओर देखा तो हर तारों मे सिर्फ तुम्हारा ही चेहरा नजर आता था और जब मैंने अपनी आँखे बंद की तो मेरे मन भी सिर्फ तुम्हारा ही चेहरा नजर आता था।

प्यार किया नहीं जाता प्यार तो बस हो जाता है।

ना कोई मेरा, ना मैं किसी और का, अपनी माँ की जान हूँ, शुक्र है भगवान का ||

होश मे रहने वालों तुम्हें क्या खबर बेखुदी क्या चीज है एकबार इश्क करके देखो फिर पता चलेगी मोहब्बत क्या चीज है।

झुठा प्यार तुम्हें खाता है और सच्चा प्यार तुम्हारा ख्याल रखता है।

तुम मेरे प्यार की हद क्या जानोगे तुम्हें साँसो से अधिक प्रेम करते है हम ये बात तुम क्या मानोगे।

जब रात को मैंने आकाश की ओर देखा तो हर तारों मे सिर्फ तुम्हारा ही चेहरा नजर आता था और जब मैंने अपनी आँखे बंद की तो मेरे मन भी सिर्फ तुम्हारा ही चेहरा नजर आता था।

प्यार किया नहीं जाता प्यार तो बस हो जाता है।

ना कोई मेरा, ना मैं किसी और का, अपनी माँ की जान हूँ, शुक्र है भगवान का ||

होश मे रहने वालों तुम्हें क्या खबर बेखुदी क्या चीज है एकबार इश्क करके देखो फिर पता चलेगी मोहब्बत क्या चीज है।

झुठा प्यार तुम्हें खाता है और सच्चा प्यार तुम्हारा ख्याल रखता है।

तुम मेरे प्यार की हद क्या जानोगे तुम्हें साँसो से अधिक प्रेम करते है हम ये बात तुम क्या मानोगे।