कुछ रुकी रुकी सी है ज़िन्दगी, कुछ चलते फिरते से है हम।

कुछ रुकी रुकी सी है ज़िन्दगी, कुछ चलते फिरते से है हम।

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काम तो कुछ करती नहीं थक जाती हूँ बस तुम्हेे सोचते सोचते...।।

क्यों तुम खामोश हो गये..जी अब तक नहीं भरा था तेरी बातों से..

कमाल करता है ऐ दिल तू भी उसे फुर्सत नहीं और तुझे चैन नहीं

सिर्फ़ उम्र ही नहीं कुछ हादसे भी तजुर्बे बेहिसाब दे जाते है।

बेशक मोहब्बत ना कर पर बात तो कर तेरा यु खामोश रहना बड़ी तकलीफ देता है

मोहब्बत नहीं है उसे मुझसे ये जानता हूँ मैं फिर भी ये बात कहाँ मानता हूँ मैं

काम तो कुछ करती नहीं थक जाती हूँ बस तुम्हेे सोचते सोचते...।।

क्यों तुम खामोश हो गये..जी अब तक नहीं भरा था तेरी बातों से..

कमाल करता है ऐ दिल तू भी उसे फुर्सत नहीं और तुझे चैन नहीं

सिर्फ़ उम्र ही नहीं कुछ हादसे भी तजुर्बे बेहिसाब दे जाते है।

बेशक मोहब्बत ना कर पर बात तो कर तेरा यु खामोश रहना बड़ी तकलीफ देता है

मोहब्बत नहीं है उसे मुझसे ये जानता हूँ मैं फिर भी ये बात कहाँ मानता हूँ मैं