जिंदगी उसके साथ बिताओ जिसके साथ बेखौफ होकर एक छोटे बच्चे की तरह हंस सको
रत्न तो लाख मिले एक ह्रदय धन न मिला, दर्द हर वक्त मिला, चैन किसी क्षण न मिला, ढूँढ़ते-ढूँढ़ते ढल गई धूप जीवन की मगर, दूसरी बार लौट के हमें बचपन न मिला...!
खुद की समझदारी भी
कोई अगर आप पे आँखे बंद करके भरोशा करता है तो उसे कभी ये एहसास मत दिलाना की वो अंधा है
जिंदगी में रह गई कुछ खाली जगह को सिर्फ समझौते ही भरते है
पैर खिचने से अच्छा है हाथ खिंचिये, क्या पता अपना कोई ऊपर आ जाये !!
जिंदगी उसके साथ बिताओ जिसके साथ बेखौफ होकर एक छोटे बच्चे की तरह हंस सको
रत्न तो लाख मिले एक ह्रदय धन न मिला, दर्द हर वक्त मिला, चैन किसी क्षण न मिला, ढूँढ़ते-ढूँढ़ते ढल गई धूप जीवन की मगर, दूसरी बार लौट के हमें बचपन न मिला...!
खुद की समझदारी भी
कोई अगर आप पे आँखे बंद करके भरोशा करता है तो उसे कभी ये एहसास मत दिलाना की वो अंधा है
जिंदगी में रह गई कुछ खाली जगह को सिर्फ समझौते ही भरते है
पैर खिचने से अच्छा है हाथ खिंचिये, क्या पता अपना कोई ऊपर आ जाये !!