बेशक गलती भूल जाओ, मगर
लक्ष्मी चंचल है. प्राण, जीवन, शरीर सब कुछ चंचल और नाशवान हैं. संसार में केवल धर्म ही निश्चल है.
मौन एक ऐसा तर्क है जिसका खण्डन कर पाना अत्यंत दुष्कर है
अपने नॉलेज पर की हुई इन्वेस्टमेंट सबसे ज्यादा रिटर्न्स देती है
हौसला और घोंसला मत छोड़िए बाकी सब ठीक रहेगा खुद को इतना कमजोर मत बनाना कि, दूसरों के एहसान की जरूरत पड़ने लगे
जीवन में उन सपनों का कोई महत्व नही जिनको पूरा करने के लिए अपनो से ही छल करना पडे
बेशक गलती भूल जाओ, मगर
लक्ष्मी चंचल है. प्राण, जीवन, शरीर सब कुछ चंचल और नाशवान हैं. संसार में केवल धर्म ही निश्चल है.
मौन एक ऐसा तर्क है जिसका खण्डन कर पाना अत्यंत दुष्कर है
अपने नॉलेज पर की हुई इन्वेस्टमेंट सबसे ज्यादा रिटर्न्स देती है
हौसला और घोंसला मत छोड़िए बाकी सब ठीक रहेगा खुद को इतना कमजोर मत बनाना कि, दूसरों के एहसान की जरूरत पड़ने लगे
जीवन में उन सपनों का कोई महत्व नही जिनको पूरा करने के लिए अपनो से ही छल करना पडे