हर बात दिल पे लगाओगे तो रोते रह जाओगे, जो जैसा है उसके साथ वैसा बनना सीखो.
"बदलना" ख़राब नहीं हैं , ख़राब हैं बदल कर , पहले से "बदतर" हो जाना
तन की जाने मन की जाने जाने चित्त की चोरी उस मालिक से क्या छुपावे जिसके हाथ है सब की डोर
हर काम मुश्किल होता है, आसान होने से पहले
मित्रों से समागम, अधिक धन की प्राप्ति, पुत्र का आलिंगन, मैथुन में प्रवृत्ति, समय पर प्रिय वचन बोलना, अपने वर्ग के लोगों में उन्नति, अभीष्ट वस्तु की प्राप्ति और समाज में सम्मान – ये आठ हर्ष के सार दिखाई देते हैं और ये ही लौकिक सुख के साधन भी होते हैं।
"लगन" एक छोटा सा शब्द है लेकिन जिसे लग जाती है उसका जीवन बदल देती है
हर बात दिल पे लगाओगे तो रोते रह जाओगे, जो जैसा है उसके साथ वैसा बनना सीखो.
"बदलना" ख़राब नहीं हैं , ख़राब हैं बदल कर , पहले से "बदतर" हो जाना
तन की जाने मन की जाने जाने चित्त की चोरी उस मालिक से क्या छुपावे जिसके हाथ है सब की डोर
हर काम मुश्किल होता है, आसान होने से पहले
मित्रों से समागम, अधिक धन की प्राप्ति, पुत्र का आलिंगन, मैथुन में प्रवृत्ति, समय पर प्रिय वचन बोलना, अपने वर्ग के लोगों में उन्नति, अभीष्ट वस्तु की प्राप्ति और समाज में सम्मान – ये आठ हर्ष के सार दिखाई देते हैं और ये ही लौकिक सुख के साधन भी होते हैं।
"लगन" एक छोटा सा शब्द है लेकिन जिसे लग जाती है उसका जीवन बदल देती है