जब मोहब्बत बे-पनाह हो जाये ना.. तोह फिर पनाह कही नही मिलती

जब मोहब्बत बे-पनाह हो जाये ना.. तोह फिर पनाह कही नही मिलती

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मोत से तो दुनिया मरती हैं आशीक तो बस प्यार से ही मर जाता हैं

बहुत याद आते हो तुम, दुआ करो मेरी यादाश्ति चली जाये

फिर एक दिन ऐसा भी आया जिन्दगी में..की मैंने तेरा नाम सुनकर मुस्कुराना छोड़ दिया।

मैं मर भी जाऊँ तोह उसे खबर न देना कही वक़्त न बर्बाद हो जाये उसका

चलो बिखरने देते है जिंदगी को सँभालने की भी हद होती है

कितना भी मुश्किल क्यूँ न हो सफ़र जिंदगी का, मोहब्बत का साथ मिले तो आसानी से कट जाता है !

मोत से तो दुनिया मरती हैं आशीक तो बस प्यार से ही मर जाता हैं

बहुत याद आते हो तुम, दुआ करो मेरी यादाश्ति चली जाये

फिर एक दिन ऐसा भी आया जिन्दगी में..की मैंने तेरा नाम सुनकर मुस्कुराना छोड़ दिया।

मैं मर भी जाऊँ तोह उसे खबर न देना कही वक़्त न बर्बाद हो जाये उसका

चलो बिखरने देते है जिंदगी को सँभालने की भी हद होती है

कितना भी मुश्किल क्यूँ न हो सफ़र जिंदगी का, मोहब्बत का साथ मिले तो आसानी से कट जाता है !