गजब का हमदर्द था मेरा, जो दर्द के सिवा कुछ दे ना सका

गजब का हमदर्द था मेरा, जो दर्द के सिवा कुछ दे ना सका

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अधूरी ख़्वाहिश बनकर न रह जाना तुम ....दुबारा आने का इरादा नहीँ रखते हैं हम !!

वो शख्स एक छोटी सी बात पे यूँ चल दिया, जैसे उसे सदियों से किसी बहाने की तलाश थी .

सफर में कही तो दगा खा गए हम जहाँ से चले थे वही आ गए हम

मोहबत के सफ़र में नींद ऐसी खो गई, हम न सोए रात थक कर सो गई..!

काश ये दिल बेजान होता…न किसी के आने से धडकता…न किसी के जाने से तडपता…!

बहुत कुछ पाने वाले बहुत कुछ खोया करते हैं, इस दुनिया में हस्सने वाले सबसे ज़्यादा रोया करते हैं

अधूरी ख़्वाहिश बनकर न रह जाना तुम ....दुबारा आने का इरादा नहीँ रखते हैं हम !!

वो शख्स एक छोटी सी बात पे यूँ चल दिया, जैसे उसे सदियों से किसी बहाने की तलाश थी .

सफर में कही तो दगा खा गए हम जहाँ से चले थे वही आ गए हम

मोहबत के सफ़र में नींद ऐसी खो गई, हम न सोए रात थक कर सो गई..!

काश ये दिल बेजान होता…न किसी के आने से धडकता…न किसी के जाने से तडपता…!

बहुत कुछ पाने वाले बहुत कुछ खोया करते हैं, इस दुनिया में हस्सने वाले सबसे ज़्यादा रोया करते हैं