वो जो कल रात चैन से सोया हैं, उसको खबर भी नहीं कोई उसके लिए कितने रोया हैं..
शक करना गलत था पर शक बिलकुल सही था
जब तेरी याद आती है ना आँखे तोह मान जाती है पर यह कम्बख्त दिल रो पड़ता है
मुझे फरक नहीं पड़ता,,,,अब क़समें खाओ या जहर..!!
बात करने से ही बात बनती है..बात ना करने से, बातें बन जाती है ..!
कोई भी रिश्ता अधूरा नहीं होता, बस निभाने की चाहत दोनों तरफ होनी चाहिए।
वो जो कल रात चैन से सोया हैं, उसको खबर भी नहीं कोई उसके लिए कितने रोया हैं..
शक करना गलत था पर शक बिलकुल सही था
जब तेरी याद आती है ना आँखे तोह मान जाती है पर यह कम्बख्त दिल रो पड़ता है
मुझे फरक नहीं पड़ता,,,,अब क़समें खाओ या जहर..!!
बात करने से ही बात बनती है..बात ना करने से, बातें बन जाती है ..!
कोई भी रिश्ता अधूरा नहीं होता, बस निभाने की चाहत दोनों तरफ होनी चाहिए।