अब तो वो होगा जो दिल फरमाए गा बाद में जो होगा देखा जाए गा
घायल हु पर याद रखना घायल शेर की साँसे उसकी दहाड़ से भी ज़ादा खतरनाक होती है
बदले नहीं हे हम बस जान गए हे दुनिया को
औकात की बात न करो अगर दिखा दी मेने तो वजूद मिट जायेगा तुम्हारा
जैसे तुम सोचते हो वैसे हम है नहीं और जैसे हम है वैसा तुम सोच भी नहीं सकते
ताकत अपने लफ्जों में डालो आवाज़ में नहीं क्योंकि फसलें बारिश से उगती है बाड़ से नहीं
अब तो वो होगा जो दिल फरमाए गा बाद में जो होगा देखा जाए गा
घायल हु पर याद रखना घायल शेर की साँसे उसकी दहाड़ से भी ज़ादा खतरनाक होती है
बदले नहीं हे हम बस जान गए हे दुनिया को
औकात की बात न करो अगर दिखा दी मेने तो वजूद मिट जायेगा तुम्हारा
जैसे तुम सोचते हो वैसे हम है नहीं और जैसे हम है वैसा तुम सोच भी नहीं सकते
ताकत अपने लफ्जों में डालो आवाज़ में नहीं क्योंकि फसलें बारिश से उगती है बाड़ से नहीं