तू इतना भी बेहतरीन नही, जिस के लिऐ मै खुद को गिरा दूं !
दोस्ती और दुश्मनी दोनों ही मज़ेदार है बस निभाने का दम होना चाहिए
इसी बात से लगा लेना मेरी शोहरत का अन्दाजा… वो मुझे सलाम करते है, जिन्हे तु सलाम करता हैं
ना पेशी होगी ना गवाह होगा अब जो भी हमसे उलझेगा बस सीधा तबाह होगा
मेरी बुराई जरा छुपकर करना तुम्हारे अपने भी मेरे चाहने वाले हैं
अगर आपका आसमान वाले से मजबूत रिश्ता है, तो आपका जमीन वाले कुछ नही बिगाड़ सकतें हैं...
तू इतना भी बेहतरीन नही, जिस के लिऐ मै खुद को गिरा दूं !
दोस्ती और दुश्मनी दोनों ही मज़ेदार है बस निभाने का दम होना चाहिए
इसी बात से लगा लेना मेरी शोहरत का अन्दाजा… वो मुझे सलाम करते है, जिन्हे तु सलाम करता हैं
ना पेशी होगी ना गवाह होगा अब जो भी हमसे उलझेगा बस सीधा तबाह होगा
मेरी बुराई जरा छुपकर करना तुम्हारे अपने भी मेरे चाहने वाले हैं
अगर आपका आसमान वाले से मजबूत रिश्ता है, तो आपका जमीन वाले कुछ नही बिगाड़ सकतें हैं...