शायद कुछ लोग भूल गए है अपनी औक़ात लगता है फिर मैदान में आना पड़ेगा
दुश्मनों को हराओ या ना हराओ लेकिन उनके सामने ज़रूर मुस्कुराओ
तेवर तो हम वक़्त आने पे दिखायेगे शहर तुम खरीद लो पर हुकुमत हम चलायेंगे
जिंदगी को सफल बनाने के लिए बातों से नहीं, रातों से लड़ना पड़ता |
मुँह पर सच बोलने की आदत है इसलिए मै बहुत बत्तमीज हूँ.
जिन्हे हम ज़हर लगते हे वो हमें खा कर मर जाये
शायद कुछ लोग भूल गए है अपनी औक़ात लगता है फिर मैदान में आना पड़ेगा
दुश्मनों को हराओ या ना हराओ लेकिन उनके सामने ज़रूर मुस्कुराओ
तेवर तो हम वक़्त आने पे दिखायेगे शहर तुम खरीद लो पर हुकुमत हम चलायेंगे
जिंदगी को सफल बनाने के लिए बातों से नहीं, रातों से लड़ना पड़ता |
मुँह पर सच बोलने की आदत है इसलिए मै बहुत बत्तमीज हूँ.
जिन्हे हम ज़हर लगते हे वो हमें खा कर मर जाये