मेरे महाकाल कहते हैं कि मत सोच तेरा सपना पूरा होगा या नहीं होगा… क्योंकि जिसके कर्म अच्छे होते हैं उनकी तो मैं भी मदद करता हूँ…
जिनके रोम-रोम में शिव हैं वही विष पिया करते हैं , जमाना उन्हें क्या जलाएगा , जो श्रृंगार ही अंगार से किया करते हैं.
दुनिया पर किया गया भरोसा तो टूट सकता है, लेकिन दुनिया के मालिक महाकाल पर किया गया भरोसा कभी नहीं टूटता है..!
भोले तूने तो सारी दुनिया तारी हैं, कभी मेरे सर पे भी धर के हाथ, कह दे चल बेटा आज तेरी बारी हैं
जहां बरस रहा है मेरे महाकाल का प्यार वो दरबार भी किसी जन्नत से कम नही..!! हर-हर महादेव शिवशंकर
लोग पूछते हैं – “कौन-सी दुनिया में जीते हो ?” हमने भी कह दिया – “महाकाल कि भक्ति में दुनिया कहा नज़र आती है ?”
मेरे महाकाल कहते हैं कि मत सोच तेरा सपना पूरा होगा या नहीं होगा… क्योंकि जिसके कर्म अच्छे होते हैं उनकी तो मैं भी मदद करता हूँ…
जिनके रोम-रोम में शिव हैं वही विष पिया करते हैं , जमाना उन्हें क्या जलाएगा , जो श्रृंगार ही अंगार से किया करते हैं.
दुनिया पर किया गया भरोसा तो टूट सकता है, लेकिन दुनिया के मालिक महाकाल पर किया गया भरोसा कभी नहीं टूटता है..!
भोले तूने तो सारी दुनिया तारी हैं, कभी मेरे सर पे भी धर के हाथ, कह दे चल बेटा आज तेरी बारी हैं
जहां बरस रहा है मेरे महाकाल का प्यार वो दरबार भी किसी जन्नत से कम नही..!! हर-हर महादेव शिवशंकर
लोग पूछते हैं – “कौन-सी दुनिया में जीते हो ?” हमने भी कह दिया – “महाकाल कि भक्ति में दुनिया कहा नज़र आती है ?”