जिनके रोम-रोम में शिव हैं वही विष पिया करते हैं , जमाना उन्हें क्या जलाएगा , जो श्रृंगार ही अंगार से किया करते हैं.

जिनके रोम-रोम में शिव हैं वही विष पिया करते हैं , जमाना उन्हें क्या जलाएगा , जो श्रृंगार ही अंगार से किया करते हैं.

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अदभुत भोले तेरी माया, अमरनाथ में डेरा जमाया नीलकंठ में तेरा साया, तू ही मेरे दिल में समाया जय श्री महाकाल

कर्ता करे न कर सके, शिव करे सो होय तीन लोक नौ खंड में, महाकाल से बड़ा न कोय ॐ नमः शिवाय:

मौत का डर उनको लगता है, जिनके कर्मों मे दाग है । हम तो महाकाल के भक्त है, हमारे तो खून में ही आग है । ?Jai Shree Mahakal?

दिखावे की मोहब्बत से दूर रहता हूँ, इसलिये मैं महाकाल के नशे में चूर रहता हूँ ।

महाकाल वो हस्ती है, जिससे मिलने को दुनियाँ तरसती है और हम उसी महेफिल में रोज बैठा करते है ।

#लोग कहते है कि मैं #बावली हूँ, पर वह क्या जाने मैं तो मेरे #महाकाल की #लाड़ली हुँ ।

अदभुत भोले तेरी माया, अमरनाथ में डेरा जमाया नीलकंठ में तेरा साया, तू ही मेरे दिल में समाया जय श्री महाकाल

कर्ता करे न कर सके, शिव करे सो होय तीन लोक नौ खंड में, महाकाल से बड़ा न कोय ॐ नमः शिवाय:

मौत का डर उनको लगता है, जिनके कर्मों मे दाग है । हम तो महाकाल के भक्त है, हमारे तो खून में ही आग है । ?Jai Shree Mahakal?

दिखावे की मोहब्बत से दूर रहता हूँ, इसलिये मैं महाकाल के नशे में चूर रहता हूँ ।

महाकाल वो हस्ती है, जिससे मिलने को दुनियाँ तरसती है और हम उसी महेफिल में रोज बैठा करते है ।

#लोग कहते है कि मैं #बावली हूँ, पर वह क्या जाने मैं तो मेरे #महाकाल की #लाड़ली हुँ ।