वो समंदर ही क्या जिसका कोई किनारा न हो, वो इबादत ही क्या जिसमे महाकाल नाम तेरा न हो,
तेरी चौखट पे सर रख दिया हैं, भार मेरा उठाना पड़ेगा। मैं भला हूँ बुरा हूँ मेरे महाकाल मुझको अपना बनाना पड़ेगा।
महाकाल वो हस्ती है, जिससे मिलने को दुनियाँ तरसती है और हम उसी महेफिल में रोज बैठा करते है जय शिव शम्भू
अघोर हूँ मैं, अघोरी मेरा नाम, महाकाल है आराध्य मेरे, और श्मशान मेरा धाम
चिता भस्म से तेरा नित नित हो श्रृंगार, काल भी तेरे आगे हाथ जोड़ खड़ा लाचार।
तेरे दरबार में आकर खुशी से फूल जाता हूं, गम चाहे कैसा भी हो तेरे दरबार में भूल जाता हूं, बताने बात जो आया हूं वही बात में भूल जाता हूं, तुझे देख कर खुशी इतनी मिलती है कि मांगना भूल जाता हूं!! #हर हर महादेव
वो समंदर ही क्या जिसका कोई किनारा न हो, वो इबादत ही क्या जिसमे महाकाल नाम तेरा न हो,
तेरी चौखट पे सर रख दिया हैं, भार मेरा उठाना पड़ेगा। मैं भला हूँ बुरा हूँ मेरे महाकाल मुझको अपना बनाना पड़ेगा।
महाकाल वो हस्ती है, जिससे मिलने को दुनियाँ तरसती है और हम उसी महेफिल में रोज बैठा करते है जय शिव शम्भू
अघोर हूँ मैं, अघोरी मेरा नाम, महाकाल है आराध्य मेरे, और श्मशान मेरा धाम
चिता भस्म से तेरा नित नित हो श्रृंगार, काल भी तेरे आगे हाथ जोड़ खड़ा लाचार।
तेरे दरबार में आकर खुशी से फूल जाता हूं, गम चाहे कैसा भी हो तेरे दरबार में भूल जाता हूं, बताने बात जो आया हूं वही बात में भूल जाता हूं, तुझे देख कर खुशी इतनी मिलती है कि मांगना भूल जाता हूं!! #हर हर महादेव