हमारे सामने ज्यादा हीरो बनाने की कोशिश भी मत करना क्योंकि हम तालियों से ज्यादा गालियों से स्वागत करते है
शेर घायल है मगर दहाड़ना नहीं भूला एक बार में सौ को पछड़ना नहीं भूला
जो मज़ा अपनी पहचान बनाने मे है.. वो किसी और की परछाई बनने मे कहा..!
आज तक एसी कोई रानी नही बनी जो इस बादशाह को अपना गुलाम बना सके
पैसा "हैसियत" बदल सकता है, "औकात" नहीं.
जीना है तोह ऐसे जियो की पिता को भी लगे के हा मैंने एक शेर पाला हैं
हमारे सामने ज्यादा हीरो बनाने की कोशिश भी मत करना क्योंकि हम तालियों से ज्यादा गालियों से स्वागत करते है
शेर घायल है मगर दहाड़ना नहीं भूला एक बार में सौ को पछड़ना नहीं भूला
जो मज़ा अपनी पहचान बनाने मे है.. वो किसी और की परछाई बनने मे कहा..!
आज तक एसी कोई रानी नही बनी जो इस बादशाह को अपना गुलाम बना सके
पैसा "हैसियत" बदल सकता है, "औकात" नहीं.
जीना है तोह ऐसे जियो की पिता को भी लगे के हा मैंने एक शेर पाला हैं