किसी से प्रतिशोध लेने का आनंद केवल दो दिन तक रहेगा !! परन्तु उसे क्षमा कर देने का आनंद जीवन भर रहेगा !!
जो सच बोलता है, सबसे अधिक नफ़रत लोग उसी से करते हैं।
यदि आपके पास जो कुछ है उससे आप संतुष्ट हो और खुश हो तो आप बहुत अमीर हो
वृक्ष कभी इस बात पर व्यथित नहीं होता कि उसने कितने पुष्प खो दिए वह सदैव नए फूलों के सृजन में व्यस्त रहता है जीवन में कितना कुछ खो गया, इस पीड़ा को भूल कर, क्या नया कर सकते हैं, इसी में जीवन की सार्थकता है
"व्यक्ति को मारा जा सकता है किन्तु विचारों को नहीं"
एक बार काम को सच्ची लगन से शुरू तो करो कुदरत ख़ुद ब खुद रास्ते खोलता जाएगा
किसी से प्रतिशोध लेने का आनंद केवल दो दिन तक रहेगा !! परन्तु उसे क्षमा कर देने का आनंद जीवन भर रहेगा !!
जो सच बोलता है, सबसे अधिक नफ़रत लोग उसी से करते हैं।
यदि आपके पास जो कुछ है उससे आप संतुष्ट हो और खुश हो तो आप बहुत अमीर हो
वृक्ष कभी इस बात पर व्यथित नहीं होता कि उसने कितने पुष्प खो दिए वह सदैव नए फूलों के सृजन में व्यस्त रहता है जीवन में कितना कुछ खो गया, इस पीड़ा को भूल कर, क्या नया कर सकते हैं, इसी में जीवन की सार्थकता है
"व्यक्ति को मारा जा सकता है किन्तु विचारों को नहीं"
एक बार काम को सच्ची लगन से शुरू तो करो कुदरत ख़ुद ब खुद रास्ते खोलता जाएगा