यह महत्पूर्ण नही की आप सफल है या नही महत्पूर्ण यह है कि आप उतने सफल हुए या नही जितनी आपके भीतर क्षमता थी
दुसरो पर P.H.D करने से बेहतर है हम खुद "GRADUATE" हो जाये
लिबास कितना भी किमती हो घटीया किरदार को छुपा नहीं सकता
जिंदगी उसके साथ बिताओ जिसके साथ बेखौफ होकर एक छोटे बच्चे की तरह हंस सको
ईश्वर की महिमा की थाह कोई नहीं पा सकता. वह पल भर में राजा को रंक और रंक को राजा बना सकता है. धनी को निर्धन और निर्धन को धनी करना उसके लिए सहज है.
मैं सब जानता हूँ यही सोच इंसान को कुएँ का मेंढक बना देती है।
यह महत्पूर्ण नही की आप सफल है या नही महत्पूर्ण यह है कि आप उतने सफल हुए या नही जितनी आपके भीतर क्षमता थी
दुसरो पर P.H.D करने से बेहतर है हम खुद "GRADUATE" हो जाये
लिबास कितना भी किमती हो घटीया किरदार को छुपा नहीं सकता
जिंदगी उसके साथ बिताओ जिसके साथ बेखौफ होकर एक छोटे बच्चे की तरह हंस सको
ईश्वर की महिमा की थाह कोई नहीं पा सकता. वह पल भर में राजा को रंक और रंक को राजा बना सकता है. धनी को निर्धन और निर्धन को धनी करना उसके लिए सहज है.
मैं सब जानता हूँ यही सोच इंसान को कुएँ का मेंढक बना देती है।