सोने के साथ मिलकर चांदी भी सोने जैसी दिखाई पड़ती है अर्थात सत्संग का प्रभाव मनुष्य पर अवश्य पड़ता है।
एक अच्छी शुरुआत के लिए कोई भी दिन बुरा नहीं होता
आपकी अच्छाइयों, बेशक अदृश्य हो सकती है लेकिन, इनकी छाप हमेशा दूसरों के हृदय में विराजमान रहती है
अधेरा वहां नहीं है जहां तन गरीब है अंधेरा वहां है जहां मन गरीब है
भाग्य बदल जाता है जब इरादे मजबूत हो वरना जीवन बीत जाता है किस्मत को दोष देने में।
बेशक गलती भूल जाओ, मगर
सोने के साथ मिलकर चांदी भी सोने जैसी दिखाई पड़ती है अर्थात सत्संग का प्रभाव मनुष्य पर अवश्य पड़ता है।
एक अच्छी शुरुआत के लिए कोई भी दिन बुरा नहीं होता
आपकी अच्छाइयों, बेशक अदृश्य हो सकती है लेकिन, इनकी छाप हमेशा दूसरों के हृदय में विराजमान रहती है
अधेरा वहां नहीं है जहां तन गरीब है अंधेरा वहां है जहां मन गरीब है
भाग्य बदल जाता है जब इरादे मजबूत हो वरना जीवन बीत जाता है किस्मत को दोष देने में।
बेशक गलती भूल जाओ, मगर