घड़ी ठीक करने वाले बहुत है मगर समय तो मेरा मुरली वाला ही ठीक करता है..
नम्रता से बात करना हर एक का आदर करना शुक्रिया अदा करना और माफी मॉगना ये गुण जिसके पास हैं वो सदा सबके करीब औऱ सबके लिये खास है
थोड़ा सा अभ्यास बहुत सारे उपदेशों से बेहतर है
एक ही समानता है पतंग और जिन्दगी में... ऊँचाई में हो तब तक ही वाह वाह होती हैं...!!!
"जीवन" में "पीछे" देखो "अनुभव" मिलेगा "जीवन में "आगे" देखो तो "आशा" मिलेगी "दायें" "बायें" देखो तो "सत्य" मिलेगा "स्वयं" के "अंदर" देखो तो "परमात्मा" और "आत्मविश्वास" मिलेगा..
अविनीत व्यक्ति को स्नेही होने पर भी मंत्रणा में नहीं रखना चाहिए।
घड़ी ठीक करने वाले बहुत है मगर समय तो मेरा मुरली वाला ही ठीक करता है..
नम्रता से बात करना हर एक का आदर करना शुक्रिया अदा करना और माफी मॉगना ये गुण जिसके पास हैं वो सदा सबके करीब औऱ सबके लिये खास है
थोड़ा सा अभ्यास बहुत सारे उपदेशों से बेहतर है
एक ही समानता है पतंग और जिन्दगी में... ऊँचाई में हो तब तक ही वाह वाह होती हैं...!!!
"जीवन" में "पीछे" देखो "अनुभव" मिलेगा "जीवन में "आगे" देखो तो "आशा" मिलेगी "दायें" "बायें" देखो तो "सत्य" मिलेगा "स्वयं" के "अंदर" देखो तो "परमात्मा" और "आत्मविश्वास" मिलेगा..
अविनीत व्यक्ति को स्नेही होने पर भी मंत्रणा में नहीं रखना चाहिए।