अगर तुम्हे कुछ करने की इच्छा हो तो दुनिया मे कोई काम असंभव नही है
“शिक्षक” और “सड़क” दोनों एक जैसे होते हैं खुद जहाँ है वहीं पर रहते हैं मगर दुसरो को उनकी मंजिल तक पहुंचा हीं देते हैं !
कभी पीछे मुड़कर मत देखो क्योंकि जो छूट गया वो आपका था ही नही
हो सके तो कभी किसी से जलना मत क्योंकि ऊपर वाला जिसे देता है उसे अपने खजाने में से देता है तुमसे छीन के नही देता
किसी का हाथ तभी पकड़ना जब आप हर मुसीबत में उसका साथ दे सको
खुद को भी कभी महसूस कर लिया करो, कुछ रौनकें खुद से भी हुआ करती हैं!
अगर तुम्हे कुछ करने की इच्छा हो तो दुनिया मे कोई काम असंभव नही है
“शिक्षक” और “सड़क” दोनों एक जैसे होते हैं खुद जहाँ है वहीं पर रहते हैं मगर दुसरो को उनकी मंजिल तक पहुंचा हीं देते हैं !
कभी पीछे मुड़कर मत देखो क्योंकि जो छूट गया वो आपका था ही नही
हो सके तो कभी किसी से जलना मत क्योंकि ऊपर वाला जिसे देता है उसे अपने खजाने में से देता है तुमसे छीन के नही देता
किसी का हाथ तभी पकड़ना जब आप हर मुसीबत में उसका साथ दे सको
खुद को भी कभी महसूस कर लिया करो, कुछ रौनकें खुद से भी हुआ करती हैं!