चिता भस्म से तेरा नित नित हो श्रृंगार, काल भी तेरे आगे हाथ जोड़ खड़ा लाचार।
माथे का? तिलक कभी ?हटेगा नही, और जब तक जिन्दा हूँ,? तब तक महाकाल ⚡का नाम मुँह से मिटेगा नही।
गुलाम नहीं है हम किसी के बाप के, शिव शम्बू भक्त है हम आपके !! हर-हर महादेव
मेने तेरा नाम लेके ही हर काम किया है मेरे भोलेनाथ और लोग समझते है कि बंदा किस्मत वाला है..!
भोले तूने तो सारी दुनिया तारी हैं, कभी मेरे सर पे भी धर के हाथ, कह दे चल बेटा आज तेरी बारी हैं
जहां बरस रहा है मेरे महाकाल का प्यार वो दरबार भी किसी जन्नत से कम नही..!! हर-हर महादेव शिवशंकर
चिता भस्म से तेरा नित नित हो श्रृंगार, काल भी तेरे आगे हाथ जोड़ खड़ा लाचार।
माथे का? तिलक कभी ?हटेगा नही, और जब तक जिन्दा हूँ,? तब तक महाकाल ⚡का नाम मुँह से मिटेगा नही।
गुलाम नहीं है हम किसी के बाप के, शिव शम्बू भक्त है हम आपके !! हर-हर महादेव
मेने तेरा नाम लेके ही हर काम किया है मेरे भोलेनाथ और लोग समझते है कि बंदा किस्मत वाला है..!
भोले तूने तो सारी दुनिया तारी हैं, कभी मेरे सर पे भी धर के हाथ, कह दे चल बेटा आज तेरी बारी हैं
जहां बरस रहा है मेरे महाकाल का प्यार वो दरबार भी किसी जन्नत से कम नही..!! हर-हर महादेव शिवशंकर