अनजान हु अभी, धीरे धीरे सीख़ जाऊंगा पर किसी के सामने झुक कर, पहचान नहीं बनाऊंगा
किसी ने मुझसे कहा इतने ख़ूबसूरत नहीं हो तुम, मैंने कहा महाकाल के भक्त खूंखार ही अच्छे लगते हैं।
“महादेव” के भक्त है,ना किसी से कोई ईर्ष्या ना किसी से कोई होड़, हमारी अपनी मंज़िले हमारी अपनी दौड़..!! ।।हर हर महादेव।।
हम दुनिया? से अलग नहीं, हमारी? दुनिया ही अलग है !! ? जय श्री महाकाल
तेरी चौखट पे सर रख दिया हैं, भार मेरा उठाना पड़ेगा। मैं भला हूँ बुरा हूँ मेरे महाकाल मुझको अपना बनाना पड़ेगा।
कोई दौलत का दीवाना कोई शोहरत का दीवाना? शीशे सा मेरा दिल मैं तो सिर्फ महादेव का दीवाना हर हर महादेव ?
अनजान हु अभी, धीरे धीरे सीख़ जाऊंगा पर किसी के सामने झुक कर, पहचान नहीं बनाऊंगा
किसी ने मुझसे कहा इतने ख़ूबसूरत नहीं हो तुम, मैंने कहा महाकाल के भक्त खूंखार ही अच्छे लगते हैं।
“महादेव” के भक्त है,ना किसी से कोई ईर्ष्या ना किसी से कोई होड़, हमारी अपनी मंज़िले हमारी अपनी दौड़..!! ।।हर हर महादेव।।
हम दुनिया? से अलग नहीं, हमारी? दुनिया ही अलग है !! ? जय श्री महाकाल
तेरी चौखट पे सर रख दिया हैं, भार मेरा उठाना पड़ेगा। मैं भला हूँ बुरा हूँ मेरे महाकाल मुझको अपना बनाना पड़ेगा।
कोई दौलत का दीवाना कोई शोहरत का दीवाना? शीशे सा मेरा दिल मैं तो सिर्फ महादेव का दीवाना हर हर महादेव ?