कैसे कह दूँ कि मेरी हर दुआ बेअसर हो गयी, मैं जब जब भी रोया, मेरे भोलेनाथ को खबर हो गयी ।
शिव सत्य है, शिव अनंत है, शिव अनादि है, शिव भगवंत है, शिव ओंकार है, शिव ब्रह्म है, शिव शक्ति है, शिव भक्ति है
नही पता कौन हूँ मैं और कहा मुझे जाना हैं, महादेव ही मेरी मँजिल हैं और महाकाल का दर ही मेरा ठिकाना हैं।
माथे का? तिलक कभी ?हटेगा नही, और जब तक जिन्दा हूँ,? तब तक महाकाल ⚡का नाम मुँह से मिटेगा नही।
जिनके रोम-रोम में शिव है, वहीं विष पिया करते हैं, जमाना उन्हें क्या जलायेंगा, जो श्रृंगार ही अंगार से करते है । ?Har Har Mahadev?
भोले के नाम में डूबे रहना आदत है मेरी कोई मुझे देखकर बस हर-हर महादेव बोल दे यही धनदौलत है मेरी जय महाकाल
कैसे कह दूँ कि मेरी हर दुआ बेअसर हो गयी, मैं जब जब भी रोया, मेरे भोलेनाथ को खबर हो गयी ।
शिव सत्य है, शिव अनंत है, शिव अनादि है, शिव भगवंत है, शिव ओंकार है, शिव ब्रह्म है, शिव शक्ति है, शिव भक्ति है
नही पता कौन हूँ मैं और कहा मुझे जाना हैं, महादेव ही मेरी मँजिल हैं और महाकाल का दर ही मेरा ठिकाना हैं।
माथे का? तिलक कभी ?हटेगा नही, और जब तक जिन्दा हूँ,? तब तक महाकाल ⚡का नाम मुँह से मिटेगा नही।
जिनके रोम-रोम में शिव है, वहीं विष पिया करते हैं, जमाना उन्हें क्या जलायेंगा, जो श्रृंगार ही अंगार से करते है । ?Har Har Mahadev?
भोले के नाम में डूबे रहना आदत है मेरी कोई मुझे देखकर बस हर-हर महादेव बोल दे यही धनदौलत है मेरी जय महाकाल