दुनिया पर किया गया भरोसा तो टूट सकता है, लेकिन दुनिया के मालिक महाकाल पर किया गया भरोसा कभी नहीं टूटता है..!
ना पूछो मुझसे मेरी पहचान, मैं तो भस्मधारी हूँ, भस्म से होता जिनका श्रृंगार मैं उस महाकाल का पुजारी हूँ ।
महाकाल वो हस्ती है, जिससे मिलने को दुनियाँ तरसती है और हम उसी महेफिल में रोज बैठा करते है ।
झुकता नही शिव भक्त किसी के आगे, वो काल भी क्या करेगा महाकाल के आगे।
हे मेरे महाकाल तुम्हारे होगें चाहने वाले बहुत इस कायनात में, मगर इस पागल की तो कायनात ही “तुम” हो जय श्री महाकाल?
हैसियत मेरी छोटी है पर मन मेरा शिवाला है.. करम तो मैं करता जाऊंगा क्योंकि साथ मेरे डमरूवाला है.. ?? जय श्री महाकाल ??
दुनिया पर किया गया भरोसा तो टूट सकता है, लेकिन दुनिया के मालिक महाकाल पर किया गया भरोसा कभी नहीं टूटता है..!
ना पूछो मुझसे मेरी पहचान, मैं तो भस्मधारी हूँ, भस्म से होता जिनका श्रृंगार मैं उस महाकाल का पुजारी हूँ ।
महाकाल वो हस्ती है, जिससे मिलने को दुनियाँ तरसती है और हम उसी महेफिल में रोज बैठा करते है ।
झुकता नही शिव भक्त किसी के आगे, वो काल भी क्या करेगा महाकाल के आगे।
हे मेरे महाकाल तुम्हारे होगें चाहने वाले बहुत इस कायनात में, मगर इस पागल की तो कायनात ही “तुम” हो जय श्री महाकाल?
हैसियत मेरी छोटी है पर मन मेरा शिवाला है.. करम तो मैं करता जाऊंगा क्योंकि साथ मेरे डमरूवाला है.. ?? जय श्री महाकाल ??