क्या खबर थी की मुहब्बत हो जायेगी। हमें तो सिर्फ उनका मुस्कुराना अच्छा लगा था |
ऐसा नही है कि मुझमे कोई ‘ऐब’ नही है.. पर सच कहता हूँ मुझमें ‘फरेब’ नहीं है
मोहब्बत तो एक तरफा होती है.... जो हो दो तरफा तो....उसे नसीब कहते है....!!
Na Chaand Ki Chahat Na Taron Ki Fharamaish, Har Janam Tu Hi Mile Yahi Meri Khwaish. ना चाँद की चाहत ना तारों की फरमाइश, हर जनम तू ही मिले यही मेरी ख्वाइश।
कहेते है इश्क ऐक गुनाह है जिसकी शरुआत दो बेगुनाहो से होती है.
कुछ रिश्ते निभाने के लिए आपका, नासमझ बने रहना जरूरी है...
क्या खबर थी की मुहब्बत हो जायेगी। हमें तो सिर्फ उनका मुस्कुराना अच्छा लगा था |
ऐसा नही है कि मुझमे कोई ‘ऐब’ नही है.. पर सच कहता हूँ मुझमें ‘फरेब’ नहीं है
मोहब्बत तो एक तरफा होती है.... जो हो दो तरफा तो....उसे नसीब कहते है....!!
Na Chaand Ki Chahat Na Taron Ki Fharamaish, Har Janam Tu Hi Mile Yahi Meri Khwaish. ना चाँद की चाहत ना तारों की फरमाइश, हर जनम तू ही मिले यही मेरी ख्वाइश।
कहेते है इश्क ऐक गुनाह है जिसकी शरुआत दो बेगुनाहो से होती है.
कुछ रिश्ते निभाने के लिए आपका, नासमझ बने रहना जरूरी है...