जान तक देने की बात करते हैं यह लोग सच कहु तो दिल से दुआ भी नहीं करते
जब से वो मशहूर हो गये हैं, हमसे कुछ दूर हो गये हैं…
मत कर मोहबत तेरे बस की बात नही जो दर्द मेरे पास है, उस दर्द की दवा तेरे पास नही.
गया था मै तुझसे दुर बहुत कुछ पाने के लिए ……….पर सिवाए तेरी यादो के कुछ हासिल ना हुआ !!!!
तकलीफे तो हजारो है इस ज़माने में| बस कोई अपना नज़र अंदाज करे तो बर्दाश्त नहीं होती !!
किताबों सी शख्सियत दे दे मालिक...सब कुछ बोल दूँ खामोश रहकर....
जान तक देने की बात करते हैं यह लोग सच कहु तो दिल से दुआ भी नहीं करते
जब से वो मशहूर हो गये हैं, हमसे कुछ दूर हो गये हैं…
मत कर मोहबत तेरे बस की बात नही जो दर्द मेरे पास है, उस दर्द की दवा तेरे पास नही.
गया था मै तुझसे दुर बहुत कुछ पाने के लिए ……….पर सिवाए तेरी यादो के कुछ हासिल ना हुआ !!!!
तकलीफे तो हजारो है इस ज़माने में| बस कोई अपना नज़र अंदाज करे तो बर्दाश्त नहीं होती !!
किताबों सी शख्सियत दे दे मालिक...सब कुछ बोल दूँ खामोश रहकर....