पलको पर रूका है समन्दर खुमार का, कितना अजब नशा है तेरे इंतजार का..

पलको पर रूका है समन्दर खुमार का, कितना अजब नशा है तेरे इंतजार का..

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कोई वादा नहीं फिर भी तेरे इंतज़ार में हैं, जुदाई के बाद भी तुझसे प्यार हैं, तेरे चहेरे की उदासी दे रही हैं, गवाही मुझसे मिलने को तू अब भी बेकरारहैं

मुझे इतना याद आकर बेचैन ना करो तुम, एक यही सितम काफी है कि साथ नहीं हो तुम…

कितने चेहरे हैं इस दुनिया में, मगर हमको एक चेहरा ही नज़र आता है, दुनिया को हम क्या देखे, उसकी यादों में सारा वक़्त गुज़र जाता है…

दिन भी ठीक से नहीं ✖गुजरता और रात भी बडी तड़पाती है,क्या❔ करू यार तेरी☝ याद ही जो इतनी आती है.

तेरी आँख में जो नमी सी छाई है, वो मेरे दूर होने की एकलौती गावहि है, याद इतना न किया करो हमे, हिचकी ले ले कर मेरी जान पे बन जाती है.

मजबूरियों के नाम पर दामन चुरा गये, वो लोग जिन की मोहब्बतों में दावे हजार थे..

कोई वादा नहीं फिर भी तेरे इंतज़ार में हैं, जुदाई के बाद भी तुझसे प्यार हैं, तेरे चहेरे की उदासी दे रही हैं, गवाही मुझसे मिलने को तू अब भी बेकरारहैं

मुझे इतना याद आकर बेचैन ना करो तुम, एक यही सितम काफी है कि साथ नहीं हो तुम…

कितने चेहरे हैं इस दुनिया में, मगर हमको एक चेहरा ही नज़र आता है, दुनिया को हम क्या देखे, उसकी यादों में सारा वक़्त गुज़र जाता है…

दिन भी ठीक से नहीं ✖गुजरता और रात भी बडी तड़पाती है,क्या❔ करू यार तेरी☝ याद ही जो इतनी आती है.

तेरी आँख में जो नमी सी छाई है, वो मेरे दूर होने की एकलौती गावहि है, याद इतना न किया करो हमे, हिचकी ले ले कर मेरी जान पे बन जाती है.

मजबूरियों के नाम पर दामन चुरा गये, वो लोग जिन की मोहब्बतों में दावे हजार थे..