अखबार तो रोज़ आता है घर में, बस अपनों की ख़बर नहीं आती. "मिस यू"
अभी तक याद कर रहा है ए पागल दिल, उसने तो तेरे बाद भी हजारो भुला दिए.. "I Miss You"
कभी बदली सा बरसना कभी चाँद सा छुप जाना… उफ़्फ़् ! बहुत खलता है तेरा यूँ चुपके से चले जाना !! miss u
तुम हकीकत’इ-इश्क़ हो या फरेब मेरी आँखों का, न दिल से नीकलते हो न ज़िन्दगी मैं आते हो .. ‘
तेरे बिना कैसे गुजरेगी ये रातें, तन्हाई का गम कैसे सहेंगी ये रातें, बहुत लंबी है घड़ियां इंतजार की, करवट बदल-बदल कर कटेंगी ये रातें!
-पता नहीं अब हक़ है या नही, पर आज भी तेरी परवाह करना अच्छा लगता हैं ..
अखबार तो रोज़ आता है घर में, बस अपनों की ख़बर नहीं आती. "मिस यू"
अभी तक याद कर रहा है ए पागल दिल, उसने तो तेरे बाद भी हजारो भुला दिए.. "I Miss You"
कभी बदली सा बरसना कभी चाँद सा छुप जाना… उफ़्फ़् ! बहुत खलता है तेरा यूँ चुपके से चले जाना !! miss u
तुम हकीकत’इ-इश्क़ हो या फरेब मेरी आँखों का, न दिल से नीकलते हो न ज़िन्दगी मैं आते हो .. ‘
तेरे बिना कैसे गुजरेगी ये रातें, तन्हाई का गम कैसे सहेंगी ये रातें, बहुत लंबी है घड़ियां इंतजार की, करवट बदल-बदल कर कटेंगी ये रातें!
-पता नहीं अब हक़ है या नही, पर आज भी तेरी परवाह करना अच्छा लगता हैं ..