छल में बेशक बल है लेकिन मेरे महाकाल के पास सबका हल है
गरज उठे गगन सारा, समंदर छोड़े अपना किनारा , हिल जाये जहान सारा, जब गूंजे महाकाल का नारा ।।।
मैं और मेरा भोलेनाथ दोनो ही बड़े भुलक्कड़ है, वो मेरी गलतियाँ भूल जाते है, और मैं उनकी महेरबानियाँ… ?Mahadev?
हैसियत मेरी छोटी है पर, मन मेरा शिवाला है । करम तो मैं करता जाऊँ, क्योंकि साथ मेरे डमरूवाला है ।
अच्छी बात ये है कि मैं इंसान हूं, और उससे भी अच्छी बात ये है कि मैं महाकाल का भक्त हूं!!
स्मशान के दहकते अंगारें भी राख में तब्दील हो जाते है, जब उन्हें पता चलता है कि, हमें बाबा महाकाल की भस्मारती में शामिल होना हैं #Love_Mahakal
छल में बेशक बल है लेकिन मेरे महाकाल के पास सबका हल है
गरज उठे गगन सारा, समंदर छोड़े अपना किनारा , हिल जाये जहान सारा, जब गूंजे महाकाल का नारा ।।।
मैं और मेरा भोलेनाथ दोनो ही बड़े भुलक्कड़ है, वो मेरी गलतियाँ भूल जाते है, और मैं उनकी महेरबानियाँ… ?Mahadev?
हैसियत मेरी छोटी है पर, मन मेरा शिवाला है । करम तो मैं करता जाऊँ, क्योंकि साथ मेरे डमरूवाला है ।
अच्छी बात ये है कि मैं इंसान हूं, और उससे भी अच्छी बात ये है कि मैं महाकाल का भक्त हूं!!
स्मशान के दहकते अंगारें भी राख में तब्दील हो जाते है, जब उन्हें पता चलता है कि, हमें बाबा महाकाल की भस्मारती में शामिल होना हैं #Love_Mahakal