हीरे मोती और जेवरात तो सेठ लोग पहनते है हम तो भोले के भक्त है इसीलिए रुद्राक्ष पहनते है
झुकता नही शिव भक्त किसी के आगे, वो काल भी क्या करेगा महाकाल के आगे।
किसी दिन जान लेके छोड़ेगी, ये तेरी यादे ओर हिचकियां महादेव।
पैसा नही है मेरी जेब मे सिर्फ महाकाल की तस्वीर है। सुबह शाम उसे देखता हूँ क्योंकि वो ही मेरी तकदीर है।।
किसी ने मुझसे कहा इतने ख़ूबसूरत नहीं हो तुम, मैंने कहा महाकाल के भक्त खूंखार ही अच्छे लगते हैं।
माया को चाहने वाला बिखर जाता है, और महाकाल को चाहने वाला निखर जाता है ।
हीरे मोती और जेवरात तो सेठ लोग पहनते है हम तो भोले के भक्त है इसीलिए रुद्राक्ष पहनते है
झुकता नही शिव भक्त किसी के आगे, वो काल भी क्या करेगा महाकाल के आगे।
किसी दिन जान लेके छोड़ेगी, ये तेरी यादे ओर हिचकियां महादेव।
पैसा नही है मेरी जेब मे सिर्फ महाकाल की तस्वीर है। सुबह शाम उसे देखता हूँ क्योंकि वो ही मेरी तकदीर है।।
किसी ने मुझसे कहा इतने ख़ूबसूरत नहीं हो तुम, मैंने कहा महाकाल के भक्त खूंखार ही अच्छे लगते हैं।
माया को चाहने वाला बिखर जाता है, और महाकाल को चाहने वाला निखर जाता है ।