छल में बेशक बल है लेकिन मेरे महाकाल के पास सबका हल है
गरज उठे गगन सारा, समंदर छोड़े अपना किनारा , हिल जाये जहान सारा, जब गूंजे महाकाल का नारा ।।।
हीरे मोती और जेवरात तो सेठ लोग पहनते है हम तो भोले के भक्त है इसीलिए रुद्राक्ष पहनते है
फिदा हो जाऊँ तेरी किस-किस अदा पर शंभू, अदाये लाख तेरी, और बेताब दिल एक मेरा है । ?Jai Shiv Shambhu?
जब भी मैं अपने बुरे हालातो से घबराता हूँ, तब मेरे महाकाल की आवाज आती है, रूक मैं अभी आता हूँ । **जय महाकाल**
क्या करूँगा मैं अमीर बन कर, मेरा महाकाल तो फकीरो का दीवाना है..!
छल में बेशक बल है लेकिन मेरे महाकाल के पास सबका हल है
गरज उठे गगन सारा, समंदर छोड़े अपना किनारा , हिल जाये जहान सारा, जब गूंजे महाकाल का नारा ।।।
हीरे मोती और जेवरात तो सेठ लोग पहनते है हम तो भोले के भक्त है इसीलिए रुद्राक्ष पहनते है
फिदा हो जाऊँ तेरी किस-किस अदा पर शंभू, अदाये लाख तेरी, और बेताब दिल एक मेरा है । ?Jai Shiv Shambhu?
जब भी मैं अपने बुरे हालातो से घबराता हूँ, तब मेरे महाकाल की आवाज आती है, रूक मैं अभी आता हूँ । **जय महाकाल**
क्या करूँगा मैं अमीर बन कर, मेरा महाकाल तो फकीरो का दीवाना है..!