रोता देखकर वो ये कह के चल दिए कि, रोता तो हर कोई है क्या हम सब के हो जाएँ

रोता देखकर वो ये कह के चल दिए कि, रोता तो हर कोई है क्या हम सब के हो जाएँ

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नमक की तरह हो गयी है जिंदगी, लोग स्वादानुसार इस्तेमाल कर लेते हैं

दिल में आने का रास्ता तो होता है लेकिन जाने का नहीं इसलिए जब कोई दिल से जाता है तो दिल तोड़कर ही जाता है

किस हक़ से माँगहु अपने हिस्से का वक़त आपसे, क्यूंकि न आप मेरे हो और न ही वक़त मेरा है

जान लेने पे तुले हे दोनो मेरी..इश्क हार नही मानता..दिल बात नही मानता।

बस दिल उदास है वैसे तो ठीक हूँ मैं

उदास हूँ पर तुझसे नाराज़ नहीं तेरे दिल मे हूँ पर तेरे पास नहीं वैसे तो सब कुछ आ मेरे पास पर तेरे जैसा कोई खास नहीं

नमक की तरह हो गयी है जिंदगी, लोग स्वादानुसार इस्तेमाल कर लेते हैं

दिल में आने का रास्ता तो होता है लेकिन जाने का नहीं इसलिए जब कोई दिल से जाता है तो दिल तोड़कर ही जाता है

किस हक़ से माँगहु अपने हिस्से का वक़त आपसे, क्यूंकि न आप मेरे हो और न ही वक़त मेरा है

जान लेने पे तुले हे दोनो मेरी..इश्क हार नही मानता..दिल बात नही मानता।

बस दिल उदास है वैसे तो ठीक हूँ मैं

उदास हूँ पर तुझसे नाराज़ नहीं तेरे दिल मे हूँ पर तेरे पास नहीं वैसे तो सब कुछ आ मेरे पास पर तेरे जैसा कोई खास नहीं