पुछा किसी ने की याद आती है उसकी में मुस्कुराया और बोला तभी तो ज़िंदा हूँ

पुछा किसी ने की याद आती है उसकी में मुस्कुराया और बोला तभी तो ज़िंदा हूँ

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मै तुमको भूल तो जाऊं मगर छोटी सी उलझन है.. सुना है... दिल से धड़कन की जुदाई मौत होती है ..!

तुझे जाना था तो हमने जाने दिया तुझे,, इससे बढ़कर और क्या वफा करते हम।

ज़हर का भी अपना हिसाब है, मरने के लिए थोड़ा सा और जीने के लिए बहुत सारा पीना पड़ता है.!

रख लो दिल में सम्हाल कर थोड़ी सी याद मेरी....,रह जाओगे जब तन्हा तो हम बहुत काम आएँगे

चेहरा तो मिल जाएगा हम से भी खूबसूरत पर बात दिल की आएगी ना हार जाओगे

सच को तमीज़ ही नहीं बात करने की, झूठ को देखो, कितना मीठा बोलता है....

मै तुमको भूल तो जाऊं मगर छोटी सी उलझन है.. सुना है... दिल से धड़कन की जुदाई मौत होती है ..!

तुझे जाना था तो हमने जाने दिया तुझे,, इससे बढ़कर और क्या वफा करते हम।

ज़हर का भी अपना हिसाब है, मरने के लिए थोड़ा सा और जीने के लिए बहुत सारा पीना पड़ता है.!

रख लो दिल में सम्हाल कर थोड़ी सी याद मेरी....,रह जाओगे जब तन्हा तो हम बहुत काम आएँगे

चेहरा तो मिल जाएगा हम से भी खूबसूरत पर बात दिल की आएगी ना हार जाओगे

सच को तमीज़ ही नहीं बात करने की, झूठ को देखो, कितना मीठा बोलता है....