हे देवा श्री गणेशा देवा श्री गणेशा……. तेरी भक्ति तो वरदान है,,जो कमाए वो धनवान है,,बिन किनारे की कश्ती है वो देवा तुझसे जो अन्जान है,,यूँ तो मूषक सवारी तेरी,,सब पे है पहेरेदारी तेरी,,पाप की आँधिया लाख हो कभी ज्योती ना हारी तेरी,,अपनी तकदीर का वो खुद सिकंदर हुआ रे,,भूल के ये जहां रे जिस किसी ने यहाँ रे साथ पाया तेरा हे…………
फिर कृष्ण जन्माष्टमी आई है, माखन की हांडी ने फिर मिठास बढ़ाई है, कान्हा की लीला है सबसे प्यारी, वो दें तुम्हें दुनिया भर की खुशियां सारी नन्द के लाला को हमारा बार-बार नमस्कार।
दिल से जो भी मांगोगे मिलेगा ये गणेश जी का दरबार है, देवों के देव वक्रतुंडा महाकाया को अपने हर भक्त से प्यार है..!! गणेश चतुर्थी की शुभ कामनाएं!
“करके जग का दूर अंधेरा आई सुबह लेकर खुशियां साथ, गणपति जी की होगी कृपा, है सब पर उनका आशीर्वाद। गणेश चतुर्थी की शुभकामनायें!”
माखन चोर नन्द किशोर, बांधी जिसने प्रीत की डोर, हरे कृष्ण हरे मुरारी, पूजती जिन्हें दुनिया सारी, आओ उनके गुण गाएं, सब मिल कर जन्माष्टमी मनाएं कृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं।
सुखा करता जय मोरया, दुख हरता जय मोरया। कृपा सिन्धु जय मोरया, बुद्धि विधाता मोरया। गणपति बप्पा मोरया, मंगल मूर्ती मोरया। गणेश चतुर्थी की शुभ कामनाएं
गणपति बप्पा मोरया..त्वमेव माता च पिता त्वमेवत्वमेव बन्धु सखा त्वमेवत्वमेवविद्या द्रविणं त्वमेवत्वमेव सर्वं मम देव देवाअचुतम केशवं रामा नारायणंकृष्णा देमोदरम वाशुदेवं हारीमश्रीधरम माधावुम गोपिका वल्लभंजानकी नायकम रामचंद्रम भजेहरे राम हरे रामराम राम हरे हर
फिर कृष्ण जन्माष्टमी आई है, माखन की हांडी ने फिर मिठास बढ़ाई है, कान्हा की लीला है सबसे प्यारी, वो दें तुम्हें दुनिया भर की खुशियां सारी नन्द के लाला को हमारा बार-बार नमस्कार।
दिल से जो भी मांगोगे मिलेगा ये गणेश जी का दरबार है, देवों के देव वक्रतुंडा महाकाया को अपने हर भक्त से प्यार है..!! गणेश चतुर्थी की शुभ कामनाएं!
“करके जग का दूर अंधेरा आई सुबह लेकर खुशियां साथ, गणपति जी की होगी कृपा, है सब पर उनका आशीर्वाद। गणेश चतुर्थी की शुभकामनायें!”
माखन चोर नन्द किशोर, बांधी जिसने प्रीत की डोर, हरे कृष्ण हरे मुरारी, पूजती जिन्हें दुनिया सारी, आओ उनके गुण गाएं, सब मिल कर जन्माष्टमी मनाएं कृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं।
सुखा करता जय मोरया, दुख हरता जय मोरया। कृपा सिन्धु जय मोरया, बुद्धि विधाता मोरया। गणपति बप्पा मोरया, मंगल मूर्ती मोरया। गणेश चतुर्थी की शुभ कामनाएं
गणपति बप्पा मोरया..त्वमेव माता च पिता त्वमेवत्वमेव बन्धु सखा त्वमेवत्वमेवविद्या द्रविणं त्वमेवत्वमेव सर्वं मम देव देवाअचुतम केशवं रामा नारायणंकृष्णा देमोदरम वाशुदेवं हारीमश्रीधरम माधावुम गोपिका वल्लभंजानकी नायकम रामचंद्रम भजेहरे राम हरे रामराम राम हरे हर