जब दर्द सहने की आदत हो जाती है ना, तोह असू आना खुद ही बंद हो जाते है |

जब दर्द सहने की आदत हो जाती है ना, तोह असू आना खुद ही बंद हो जाते है |

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हद है यार.. प्यार भी हम ही करे, निभाए भी हम ही और छोड़ कर वो चला जाए तो रोये भी हम ही..

रूठना तेरा लाज़मी था हर बार मनाने की आदत जो हमने डाली थी .

हद से बढ़ जाये ताल्लुक तो ग़म मिलते हैं| हम इसी वास्ते हर सख्स से कम मिलते हैं|

बस दिल उदास है वैसे तो ठीक हूँ मैं

बेवजा बेवफाओ को याद किये हैं, गलत लोगों पे बहुत वक़्त बरदाद किये हैं.

एक खेल रत्न उसको भी दे दो, बड़ा अच्छा खेलती है वो दिल से

हद है यार.. प्यार भी हम ही करे, निभाए भी हम ही और छोड़ कर वो चला जाए तो रोये भी हम ही..

रूठना तेरा लाज़मी था हर बार मनाने की आदत जो हमने डाली थी .

हद से बढ़ जाये ताल्लुक तो ग़म मिलते हैं| हम इसी वास्ते हर सख्स से कम मिलते हैं|

बस दिल उदास है वैसे तो ठीक हूँ मैं

बेवजा बेवफाओ को याद किये हैं, गलत लोगों पे बहुत वक़्त बरदाद किये हैं.

एक खेल रत्न उसको भी दे दो, बड़ा अच्छा खेलती है वो दिल से