ये मोहब्बत के हादसे दिलो को तोड़ देते है, तुम मज़िल की बात करते हो लोग राहों मे छोड़ देते है
दिमाग पर ज़ोर लगाकर गिनते हो गलतियां मेरी कभी दिल पर हाथ रख के पूछना कसूर किसका है
देख लिया खुद को बिजी रख कर भी फिर भी याद सिर्फ तुम्हारी आती हैं.
बहुत जल्दी भरोसा कर रहे हो, कभी पहले टूटा नहीं क्या?
सबका दिल रखने में, अक्सर मेरा दिल टूट जाता है.
शब्द केवल चुभते है, खमोशियाँ मार देती हैं.
ये मोहब्बत के हादसे दिलो को तोड़ देते है, तुम मज़िल की बात करते हो लोग राहों मे छोड़ देते है
दिमाग पर ज़ोर लगाकर गिनते हो गलतियां मेरी कभी दिल पर हाथ रख के पूछना कसूर किसका है
देख लिया खुद को बिजी रख कर भी फिर भी याद सिर्फ तुम्हारी आती हैं.
बहुत जल्दी भरोसा कर रहे हो, कभी पहले टूटा नहीं क्या?
सबका दिल रखने में, अक्सर मेरा दिल टूट जाता है.
शब्द केवल चुभते है, खमोशियाँ मार देती हैं.